Chapter 7: chapter 7

Billionaire's Dark DesireWords: 26374

अग्निहोत्री मेंशन......,     त्रिहांश इस वक्त राज्ञा को अपने आप से चिपका कर जी भर कर छुए जा रहा था | वही Ragya अपने जगह में जम गई थी उसकी आंखे भी नम हुए थे | उसे ऐसा लग रहा था की वह त्रिहांश की एक toy बन गई है |      त्रिहांश धीरे से उसके ब्लाउस को कंधे से सरकाया फिर अपने होंठ रख कर चूमते हुए बोला,""_ तुम्हारे सारे जरूरत की चीज़े क्लोसेट रूम में रखा गया है ,जा कर देख लो | "      Ragya ना समझी में उसे देखने लगी तो त्रिहांश उसके होंठो को हल्के से अपने दांत के भींच दबाते हुए बोला,""_ ummmm go..| "   बोलते हुए त्रिहांश ने ragya को छोड़ा वही Ragya के आंखे नम थे वह बिना कुछ कहे क्लोसेट रूम में चली गई |     रूम में उसके लिए बहुत सी एक्सपेंसिव ड्रेसेस और चीज़े रखा गया था | Ragyaa की आंखे हैरानी से चौड़ी हो गई थी वह एक नज़र सारे देखी फिर मुड़ कर वापस त्रिहांश के पास जाने को हुई तो उसकी नज़र क्लोसेट रूम के door पर गई |    त्रिहांश door को टिक कर उसे ही देख रहा था | Ragya बोली,""_ यह सब किस लिए लाए  ...? "  त्रिहांश एक नजर वॉर्डरोब को देखा फिर उसके पास आ कर एक ही झटके में उसकी साड़ी खींचा |  " अअह्ह्ह्ह क्या कर रहे है आप ? "  Ragya करहाते हुए बोली | क्यों की जिस तरह बेरहमी से त्रिहांश ने साड़ी खींचा था उससे Ragya के कमर में जोर सा लगा था अब तक रेशेज भी दिखने लगे थे |   वही त्रिहांश उसे ठीक से खड़ा कर उसके बदन से साड़ी अलग करते हुए बेहद सख्ती से बोला,""_ जितना कहा होता है उतना करने में तुम्हारा क्या जाता है ? हा ? "     Ragya हैरानी से खुद को देख रही थी | अब तक त्रिहांश ने उसके बदन से साड़ी अलग कर दिया था | वह आगे आ कर उसके ब्लाउज के हुक भी खोलने लगा तो Ragya बोली,""_ आप जैसे गिरे हुए इंसान को मैंने आज तक नही देखा | "   त्रिहांश का हाथ रुक गया | वह थोड़ी देर बिना भाव के Ragya के चेहरे को देखा | फिर उसका ब्लाउस लगभग फाड़ते हुए बोला,""_ just shut up Ragya , वरना तुम्हारे लिए बिलकुल अच्छा नहीं होगा ....? "        त्रिहांश गुस्से से उसे बोल ही रहा था की Ragya गुस्से से उसे खुद से दूर धखेलते हुए चिल्ला कर बोली,""_ क्या कर लेंगे आप ? हा बोलिए ? ज्यादा सा ज्यादा क्या करेंगे बस मेरे जिस्म के साथ खिलवाट करेंगे अगर मन नही भर.....!!! "    "चटाक.....!!! " त्रिहांश गुस्से से Ragya के गाल पर एक खींच कर थप्पड़ झाड़ दिया तो Ragya का चेहरा एक तरफ़ झुक गया |      वही त्रिहांश की हाथो की मुट्ठी बन गई थी | वह गुस्से से उसे अपने तरफ खींच कर चिल्लाते कुछ कहता उससे पहले ही Ragya रोते हुए बोली,""_ मै भूल गई थी त्रिहांश आप मेरे साथ मार पीट भी कर सकते है | "      त्रिहांश की दांत भींच गए | वह Ragya को ठीक से खड़ा कर वॉर्डरोब से एक ड्रेस उठाया फिर उसे घूरते हुए पहनाने लगा | वही Ragya बोली,""_ आ आप....? "      शशश्श.....!!!! " त्रिहांश गुस्से से उसके होंठो पर उंगली रख कर बेहद गुस्से से बोला तो Ragya नम आंखों से उसे ही देखने लगी |      त्रिहांश फिर उंगली हटा कर उसे ड्रेस पहनाया फिर उसे ले कर रूम में गया | Ragya रोते हुए उसे ही देख रही थी | वही त्रिहांश उसे मिरर के सामने खड़ा कर उसके बाल ठीक किया फिर उसके आंसू पोंछ कर पूछा ,""_ अब रोना बंद करोगी ? "     Ragya सिसकते हुए उसे ही देख रही थी | वह फिर उससे थोड़ा अपने कदम पीछे लेते हुए बोली,""_ मुझे राशि से मिलने बाहर जाना है !! "  और...? " त्रिहांश गुस्से से पूछा तो Ragya थोड़ी देर देखी फिर वह बोली,""_ कल मेरा इंटर्यू है तो मुझे...? "   " किस कंपनी में apply किया है तुमने ? " त्रिहांश उसकी बात बीच में ही रोक कर पूछा तो Ragya थोड़ी देर उसे देखी फिर उससे नजरे फेरते हुए बोली,""_ आपका जानना जरूरी नही है | " "  फिर तुम्हारा कही जाना भी जरूरी नही है | " त्रिहांश इतना बोलते हुए उसका हाथ पकड़ कर बाहर जाने को हुआ तो Ragya जल्दी से बोली,""_ राठौड़ कॉर्पोरेशन !! "    त्रिहांश की कदम रुक गए | वह फिर ना समझी में Ragya को देखा तो Ragya बोली,""_ कल मेरा इंटर्यु वही है | "      त्रिहांश का चेहरा एक दम से एक्सप्रेशन लेस हो गया था | वह बेहद ठंडे लहजे में बोला ,""_ तुम कही नही जा रही अगर तुम्हे पैसे की जरूरत है तो मैं दे दूंगा....!!! "    त्रिहांश इतना बोल कर Ragya का हाथ पकड़ कर बाहर ले जाने को हुआ ragya अपनी जगह से हिली तक नही | वही त्रिहांश रुक कर Ragya को देखा तो Ragya गुस्से से बोली,""_ आप मुझे क्या समझ रखा है ? मैं कोई आपकी रखैल नही हु जो आप मेरे जिस्म को इस्तेमाल करते हुए पैसे देते जाएंगे | "    त्रिहांश को बहुत गुस्सा आ रहा था लेकिन उसने उसे कुछ नही कहा | वही Ragya बोली,""_ मुझे अपने आपको बेचना नही है ,सुना आपने ? "     " हो गया तुम्हारा ? अब चलो ? " त्रिहांश इतना बोल कर उसे बाहर ले गया | वही Ragya को बहुत गुस्सा आ रहा था त्रिहांश उसकी कोई भी बात को seriously लिया ही नही |       डाइनिंग टेबल पर इस वक्त सारे घरवाले बैठ कर नाश्ता कर रहे थे | त्रिहांश Ragya को बैठने का इशारा किया तो वह बैठ गई | वही त्रिहांश भी उसके बगलवाली ही headchair पर बैठ गया |        Ragya और त्रिहांश के बैठते ही वेदिका खुद ही उठ कर Ragya और त्रिहांश के प्लेट में नाश्ता सर्व करने लगी | Ragya अपना सर नीचे कर बैठी थी वही डाइनिंग टेबल पर बैठे हुए हर एक फैमिली मेंबर की नजर कभी Ragya पर जाती तो कभी त्रिहांश पर |     वेदिका जा कर अपने चेयर पर बैठते हुए बोली,""_ नाश्ता ठंडा हो जाएगा चलो जल्दी से खा लो | "      Ragyaa का वहा बैठ कर खाना अदा अजय और नितिन को बिलकुल पसंद नहीं आया था | वह तीनों उठ कर चले गए |    वही त्रिहांश को इससे कोई फर्क नही पड़ा | लेकिन Ragya को अजीब लगा था क्यों की उन तीनो की प्लेट में खाना अभी भी वैसा ही था | वह फिर त्रिहांश को देखी जो चुपचाप नाश्ता कर रहा था |      वही वेदिका Ragya को ही देख रही थी | उसे इस तरह त्रिहांश को देखता देख वह उसे कुछ कहती तभी उसकी नज़र Ragya के गाल पर गई जहा त्रिहांश की हाथो की निशान थे | वेदिका फिर त्रिहांश को देखने लगी |     त्रिहांश इस वक्त अपने फोन में कुछ करते हुए नाश्ता कर रहा था |    थोड़ी देर बाद त्रिहांश Ragya को एक नजर देखा फिर उठ कर बाहर चला गया | उसके जाते ही Ragya भी उठने लगी तो वेदिका बोली,""_ तुमने तो कुछ खाया ही नही ? "     Ragya ने एक नजर प्लेट को देखा फिर वह बोली,""_ भूख नही थी आंटी | "   Ragya इतना बोल कर रूम के तरफ चली गई | वही ईशान और इशा Ragya को ही जाता हुआ देख रहे थे | वह दोनो जल्दी जल्दी से नाश्ता खतम किया फिर उठ कर Ragya के रूम के तरफ चले गए |    दूसरी तरफ.......    एक बड़े से आलीशान विला के हाल में एक औरत किसी से बात कर रही थी | उधर से कोई बोला,    " उस लड़की का नाम Ragya खुराना है | "    उधर से एक आदमी की बात सुन वह औरत जिसका नाम माया राठौड़ था | वह बोली ,""_ ठीक है उस लड़की की डिटेल्स भेजो..| "      माया इतना बोल कर कॉल कट कर दी | तभी वहा एक 25 साल का लड़का उसके पास आते हुए बोला,""_ mom....!!! "    माया मुड़ कर देखी | सामने उसका बेटा आर्यांश खड़ा था जिसके हाथ में इस वक्त एक बॉक्स था |    माया ना समझी में उसे देखने लगी तो आर्यंश बोला ,""_ आपके नाम से आया है mom , देख लीजिए कोई काम का होगा | "     माया आर्याँश के हाथ में से बॉक्स उठाई फिर कॉफी टेबल पर रख कर unpack करने लगी | बॉक्स को बहुत ही सलीके से पैक किया गया था | माया ने आराम से unpack किया तो उसे एक लड़की की बड़ी सी तस्वीर दिखाई दी | माया ने उस फोटो फ्रेम को उठा कर देखा फिर साइड में रख कर उस बॉक्स में रखे हुए और भी चीज़े उठा कर देखने लगी |       " यह लड़की कोन है mom ? " आर्यांश उस तस्वीर को उठा कर देखते हुए माया से पूछा तो माया ने कुछ नही कहा क्यों की उसका पूरा ध्यान इस वक्त एक फाइल पर थी जो उस डिब्बे में रख कर भेजा गया था |         आर्यांश फिर माया के हाथ में से वह फाइल लेने को हुआ तो माया जल्दी से फाइल क्लोज कर उसके हाथ से उस लड़की की तस्वीर ले कर अपने रूम के तरफ जाने लगी | वही आर्यांश हैरानी से माया को देख रहा था | माया का बिहेवियर अजीब लगा था |   " क्या हुआ आर्यांश? इस तरह अजीब नज़रों से अपने mom को क्यों देख रहे हो ? " एक मिडिल एज के आदमी ने पूछा तो आर्यांश अपना कंधा उचका कर बॉक्स को देखने लगा जो अब खाली था |   वही वह आदमी जो माया का पति और आर्यांश का बाप सुधर्व राठौड़ था जो राठौड़ कॉर्पोरेशन का ceo था | आर्यन्श से वह फिर पूछा,""_ यह खाली बॉक्स यहां क्या कर रहा है ? "    अर्यांश बोला ,""_ इसमें एक लड़की की तस्वीर और कुछ फाइल्स थे dad,mom ले कर गई है अभी अभी | "       सुधर्व ना समझी में उसे देखने लगा तभी अर्यांश बोला,""_ मैं ऑफिस जा रहा हु डैड..!!! "     आर्यांश इतना बोल कर जाने को हुआ तो सुधर्व उसे रोकते हुए बोला,""_ ऑफिस नही एयरपोर्ट जाना है आर्या,भूल गए आज आयारा आ रही है | "    अर्यांश रुक कर थोड़ी देर सुधर्व को देखा फिर अपने दांत दिखाते हुए बोला ,""_ thanks डैड मैं तो भूल ही गया था | "   आर्यांश वहा से चला गया वही सुधर्व अपना सर ना में हिलाते हुए अपने रूम के तरफ चला गया |          अग्निहोत्री मेंशन....,         Ragya चुपचाप ड्रेसिंग टेबल के पास खड़ी हो कर अपने गाल को देख रही थी जहा त्रिहांश की हाथो की निशान थे | Ragya फिर ड्रेसिंग टेबल पर रखे हुए कंसलियर उठा कर निशान छुपाने लगी | वह नही चाहती थी की कोई भी उसका यह निशान पूछे | वह फिर विंडो के पास जा कर बैठ गई |    तभी रूम का door knock हुआ | Ragya मुड़ कर देखी | सामने इस वक्त इशा और इशान खड़े थे |      Ragya ने कहा ,""_ जी...? "   " जी नहीं हम तुम्हारे ही एज के है तो तुम मुझे इशा और मेरे भाई को ईशान कह सकती हो | " Ragya को जी बोलता देख इशा उसके पास जाते हुए उससे बोली तो Ragya उसे और इशान को एक नजर देखी फिर चुप हो गई |     वही इशान अपने हाथ आगे बढ़ा कर बोला,""_ Hi,I am ishaan,त्रिहांश भाई का छोटा भाई हु | "     Ragya थोड़ी देर उसे देखी फिर उसके तरफ हाथ बढ़ा कर बोली,""_ Ragya...Ragya नाम है मेरा | "  इशान हा में सर हिलाया वही इशा ragyaa का हाथ पकड़ कर बोली ,""_ और में इशा ..!!! "   Ragya उससे भी हाथ मिलाते हुए हल्के से हंस पड़ी | वही इशान सोफे पर बैठते हुए Ragya से पूछा ,""_ तुम कोन हो ? मतलब भाई को कैसे जानती हो ? "         Ragya थोड़ी देर चुप रही फिर बोली,""_ तुम अपने भाई से ही पूछ लो न,वह मुझसे बेहतर जवाब देंगे | "       इशान थोड़ा हड़बड़ा गया | वह बोला ,""_ नही नही अगर तुम्हे जवाब नही देना तो कोई बात नही ,भाई को क्यों डिस्टर्ब करना | "  इशान जिस तरह से जवाब दे रहा था उससे Ragya को समझने में देर नहीं लगी की इशान त्रिहांश से डरता है | वही इशा की हंसी छूट गई थी |    वही उसे हंसता देख इशान उसे घूर कर देखने लगा तो इशा चुप हो गई | वही इशान फिर Ragya से पूछा ,""_ वैसे आप क्या करती हो ? "        Ragya कुछ कहने को हुई तभी इशा बोली,""_ अगर इसका जवाब भी भाई से पूछने का है तो रहने देते है ,जानना इतना भी जरूरी नही ,क्यों भाई सही कहा मैंने ? "    इशा बोलते हुए हल्के हल्के से हंस रही थी | वही इशान अपने आंखे छोटी कर उसे घूर कर देखने लगा था उसकी बहन उसका मजाक उड़ाते हुए उसका ही मजा ले रही थी |    वही Ragya बोली,""_ मैं अभी जॉब ढूंढ रही हूं जब जॉब मिलेगा....!!! "     " मतलब आप जॉब करना चाहते है ? " इशान ने पूछा तो Ragya ने बस सर हिलाया | फिर वह बोली,""_ कल मेरा राठौड़ कॉर्पोरेशन में interiew भी...? "   क्या ...? " इशान उसकी बात को बीच में ही काटते हुए पूछा तो Raagya इशान और इशा को ही देखने लगी जिनकी चेहरे के एक्सप्रेशन एक दम से बदल गए थे |       Ragya बोली,""_ क्या हुआ ? इस कम्पनी में काम करने से कोई प्राब्लम है ? "    इशा और इशान एक दूसरे को देखने लगे | तभी इशान उससे पूछा,""_ भाई को पता है आपका कल राठौड़ कॉर्पोरेशन में interview है ? "   Ragya आगे कुछ कहती तभी वहा दिया की आवाज आई | "  इशान ? तुम्हे एयरपोर्ट जाना है बच्चा ?कब जाओगे ? "   दिया की बात सुन कर इशान हड़बड़ाते हुए उठ कर door के पास जाते हुए बोला,""_ ओह गॉड!! मैं तो भूल ही गया था आज उर्मी आ रही है ? Sorry mom अभी जाता हु | "    इशान इतना बोल कर वहा से बाहर चला गया | वही Ragya और इशा उसे जाता हुआ देख रहे थे तभी Ragya इशा से पूछी,""_ उर्मी कोन है इशा ? "    इशा बोली,""_ त्रिहांश भाई की छोटी बहन और मेरी बड़ी बहन | "   इतना बोलते हुए इशा भी रूम से बाहर चली गई | वही Ragya जा कर सोफे पर बैठ गई | उसका चेहरा उदास था | तभी एक फीमेल सर्वेंट आ कर बोली,""_ ma'am...? "   Ragya ना समझी में उसे देखने लगी तो वह सर्वेंट उसके हाथ में फोन दे कर बोली,""_ बॉस का कॉल है |"       Ragya ने फोन लिया तो उधर से त्रिहांश बोला,""_ बाहर आओ ...!!! "   Ragya थोड़ी देर चुप रही फिर वह उठ कर बाहर चली गई |     बाहर त्रिहांश अपने कार के बोनट पर टिक कर सिगरेट का कश ले रहा था | वही Ragya उसे एक नजर देख उसके पास गई तो त्रिहांश बोला ,""_ कार में बैठो...!!! "    Ragya उसे सवालिया नजरों से देखने लगी फिर वह उससे पूछी ,""_ कहा ले जा रहे है मुझे ? "     Ragya की सवाल सुन कर त्रिहांश बेहद ठंडे लहजे में बोला,""_ जो कहा है वह करो Ragya | "  Ragya ने आगे कुछ नही कहा | जा कर पैसेंजर सीट पर बैठ गई | वही त्रिहांश सिगरेट नीचे फेंक कर ड्राइविंग सीट पर आ कर बैठ गया |            To be continued..........      Â